केतन अग्रवाल केस में बड़ा खुलासा: पहले अपाहिज बनाने की साजिश, बाद में रची गई हत्या की कथित योजना,

पुलिस जांच में सामने आए चौंकाने वाले दावे, कथित तौर पर पहले हादसे का रूप देकर स्थायी रूप से अपाहिज बनाने की थी योजना।
केतन अग्रवाल से जुड़े चर्चित मामले में पुलिस जांच के दौरान कई ऐसे दावे सामने आए हैं जिन्होंने पूरे घटनाक्रम को नया मोड़ दे दिया है। पुलिस सूत्रों के अनुसार, जांच में यह बात सामने आई है कि शुरुआत में कथित आरोपियों का उद्देश्य केतन अग्रवाल की हत्या करना नहीं था। जांच के मुताबिक, पहले एक ऐसी सुनियोजित दुर्घटना की साजिश रची गई थी जिससे केतन गंभीर रूप से घायल होकर जीवनभर के लिए अपाहिज हो जाएं। कथित योजना के तहत ऐसा हादसा दिखाने की तैयारी थी जिससे उनके हाथ या पैर स्थायी रूप से प्रभावित हो जाएं और घटना को सामान्य दुर्घटना मान लिया जाए।

पुलिस के अनुसार, इस कथित योजना के पीछे मकसद यह था कि दुर्घटना के बाद किसी को भी किसी प्रकार का संदेह न हो और आगे की परिस्थितियों को सामान्य तरीके से आगे बढ़ाया जा सके। जांच में यह भी दावा किया जा रहा है कि 6 जून को प्रस्तावित एक ट्रिप को इस कथित साजिश का हिस्सा बनाया गया था, ताकि घटना को दुर्घटना का रूप देकर संदेह से बचा जा सके। पुलिस विभिन्न इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों, कॉल डिटेल्स, चैट रिकॉर्ड और अन्य तकनीकी सबूतों के आधार पर पूरे घटनाक्रम की कड़ियों को जोड़ने में जुटी हुई है।
जांच एजेंसियों का कहना है कि आगे की पड़ताल के दौरान परिस्थितियों में बदलाव आने के बाद कथित योजना भी बदल गई और मामला कथित तौर पर हत्या की साजिश तक पहुंच गया। हालांकि, पुलिस अभी इस पूरे घटनाक्रम के हर पहलू की गहन जांच कर रही है और सभी तथ्यों का सत्यापन किया जा रहा है। अधिकारियों का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट रूप से यह तय होगा कि कथित आरोपियों की भूमिका क्या थी और किस स्तर तक उनकी संलिप्तता रही।
नोट: यह जानकारी पुलिस जांच और प्रारंभिक सूत्रों पर आधारित दावों के अनुसार है। मामले में अंतिम सत्य और दोष तय होना न्यायालय के निर्णय तथा आधिकारिक जांच पूरी होने के बाद ही माना जाएगा।



